कोरबा/दीपका।नगर पालिका परिषद दीपका द्वारा कथित रूप से 14 परिवारों को जारी किए गए नोटिसों को लेकर क्षेत्र में विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। प्रभावित परिवारों का आरोप है कि बिना उचित जांच, सीमांकन एवं आधिकारिक पुष्टि के नोटिस जारी कर उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया।
पीड़ित परिवारों का कहना है कि उनके जीवन भर की मेहनत और पूंजी से निर्मित भवनों को अवैध बताकर दबाव बनाने का प्रयास किया गया, जिससे वे स्वयं को असुरक्षित और परेशान महसूस कर रहे हैं।सूत्रों के अनुसार अब कुछ प्रभावित परिवार नगर पालिका अध्यक्ष राजेंद्र राजपूत एवं उनके परिवार से जुड़े मामलों की कानूनी जांच करवाने की तैयारी कर रहे हैं।
क्षेत्र में यह चर्चा भी है कि अध्यक्ष के पिता की SECL नौकरी से संबंधित दस्तावेजों की वैधानिकता की जांच की मांग उठ सकती है। हालांकि इन दावों की अब तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और पूरा मामला जांच का विषय है।पीड़ितों का कहना है कि यदि उनके साथ अन्याय हुआ है, तो वे संविधान एवं कानून के दायरे में रहकर न्यायालय की शरण लेंगे।
उनका कहना है कि वे किसी प्रकार की व्यक्तिगत दुश्मनी नहीं, बल्कि न्याय और निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।स्थानीय लोगों का मानना है कि किसी भी प्रशासनिक कार्रवाई में पारदर्शिता, निष्पक्षता और वैधानिक प्रक्रिया का पालन आवश्यक है, ताकि आम नागरिकों का विश्वास बना रहे।फिलहाल पूरे मामले की सच्चाई जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
Uday Kumar serves as the Editor of Nawa Chhattisgarh, a Hindi-language news outlet. He is credited as the author of articles covering local, regional, and national developments.




